: घाघरा कटान पीड़ित को पीएम आवास के लिए जमीन की दरकार
Mon, May 1, 2023
कटान पीड़ित ने तहसीलदार से लगाई जमीन दिलाने की गुहार
तहसील महसी के ग्राम मुरौव्वा का मामला
बहराइच। वर्षों पूर्व घाघरा की कटान में अपना घर बार गंवाने के बाद जब प्रधानमंत्री आवास मिला तो उसको बनवाने के लिए पीड़ित के पास जमीन ही नहीं है। पीड़ित अब तक दूसरे के घर में रहकर गुजर बसर कर रहा है। जमीन के लिए उसने तहसीलदार की चौखट पर गुहार लगाई तो तहसीलदार ने उसे जमीन दिलाने का आश्वासन दिया। मामला तहसील महसी के ग्राम मुरौव्वा का है। जहां ललतू पुत्र ओरीलाल का घर कई वर्षों पूर्व घाघरा कटान में समाहित हो गया था। जिसके बाद से वह बेघर है। किसी दूसरे व्यक्ति के यहां रहकर गुजर बसर कर रहा है। अब उसे प्र्रधानमंत्री आवास का आवंटन हुआ है। पर उनके पास आवास बनवाने के लिए जमीन ही नहीं है। जिसके चलते वह परेशान हालत में इधर उधर भटक रहा है। पीड़ित ने तहसीलदार महसी को प्रार्थना पत्र देकर आवास बनवाने के लिए जमीन देने की मांग की है। तहसीलदार ने उसे जमीन दिलाने का आश्वास दिया है। गौरतलब हो कि बीते दो महींने पूर्व तहसीलदार महसी द्वारा मुरौव्वा के ही कटान पीड़ित दर्जनों परिवार बेलहा-बहरौली तटबंध के किनारे झोपडिया रखकर गुजर बसर कर रहे थे। उनको ग्राम पंचायत करेहना में ग्रामसमाज की जमीन आवंटित की गई थी। जिस पर वे अपना आशियाना बना चुके है। पीड़ित को भी आस लगी है कि उसे भी तहसील प्रशासन द्वारा आवास के लिए जमीन मुहैया करायी जायेगी। मामले में जब तहसीलदार महसी प्रदुमन पटेल से बात की गई तो उन्होंने बताया कि पीड़ित के प्रार्थना पत्र पर कार्रवाई अमल में लाकर उसके लिए जमीन की व्यवस्था करायी जायेगी।
: सम्भावित बाढ़ की कार्ययोजना शीघ्र उपलब्ध कराएं सम्बन्धित विभागः डीएम
Mon, May 1, 2023
बहराइच। जिले में संभावित सूखे एवं बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए सम्बन्धित विभागों द्वारा की जाने वाली तैयारियों के सम्बन्ध में कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित ‘‘बाढ़ स्टेयरिंग ग्रुप’’ की बैठक के दौरान जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चन्द्र ने बाढ़ से सम्बन्धित विभागों को निर्देश दिया है कि बाढ़ से सम्बन्धित अपने-अपने विभाग की कार्ययोजना जल्द से जल्द उपलब्ध करा दें जिससे बाढ़ एवं सूखा के सम्बन्ध में प्रभावी कार्ययोजना को अन्तिम रूप प्रदान किया जा सके। जिले में संभावित बाढ़ की स्थिति को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी ने सभी सम्बन्धित उप जिलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि समय रहते बाढ़ चौकियों के लिए चिन्हित स्थानों का भ्रमण कर आवश्यक प्रबन्ध सुनिश्चित कराएं। क्षेत्र के चिन्हित गोताखोरों एवं नाविकों के मोबाइल नम्बर तथा क्षेत्र में नावों की उपलब्धता इत्यादि की सूची तैयार कर ली जाय। सम्भावित सूखे एवं ग्रीष्म ऋतु के मद्देनजर ड्रेनेज, नलकूप व जिला पंचायत राज विभाग को निर्देश दिया गया कि ग्राम पंचायतों के माध्यम से सभी जल स्रोतों को एक सप्ताह में भरवाना सुनिश्चित करें ताकि आमजन तथा मवेशियों को संभावित सूखे के दौरान पानी की दिक्कत न हो। जिलाधिकारी ने अधि.अभि. जलनिगम व अधि. अधि. नगर पालिका को निर्देश दिया कि नगरीय व ग्रामीण क्षेत्रों में हैण्डपम्पों को क्रियाशील रखा जाय। सिंचाई विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि रोस्टर के अनुसार नहरों का संचालन सुनिश्चित कराते हुए यह भी सुनिश्चित करें कि पानी नहरों की टेल तक अवश्य पहुॅचे। अधि.अभि. नलकूप को निर्देश दिया गया है कि शुष्क मौसम एवं संभावित सूखे को दृष्टिगत रखते हुए सभी राजकीय नलकूपों को चालू हालत में रखें। यांत्रिक एवं विद्युत दोष से बन्द नलकूपों को प्राथमिकता के आधार पर संचालित कराया जाय तथा यह भी सुनिश्चित किया जाय कि छोटी-मोटी फाल्ट से नलकूप बन्द न होने पाएं। ऐसे नलकूपों की तत्काल मरम्मत के लिए प्रभावी कार्ययोजना भी तैयार कर ली जाय। जिलाधिकारी ने समस्त उप जिलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि बीडीओ के साथ बैठक कर अपने-अपने क्षेत्र में स्थापित नलकूपों एवं हैण्डपम्पों को चालू हालत में रखें। अधि.अभि. विद्युत को निर्देश दिया गया है कि खराब ट्रांसफामर्स को तत्काल ठीक करा दें तथा जिन स्थानों पर ओवर लोडिंग के कारण कोई समस्या हो वहॉ पर उचित बन्दोबस्त कर दिये जाएं। विद्युत आपूर्ति में बाधा के कारण कहीं पर कानून व्यवस्था बिगड़ने जैसी बातें न होने पाएं इसके लिए एस.डी.एम. और सी.ओ. को सतर्कता बरतने को कहा गया है। विशेषकर बाढ़ क्षेत्रों में संभावित बाढ़ के लिए अभी से कार्ययोजना तैयार कर लें। बाढ़ के अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि लो.नि.वि.के अधिकारियों के साथ अलग से बैठक कर बाढ़ क्षेत्र के सड़कों इत्यादि के अनुरक्षण समय से कराना सुनिश्चित करें ताकि अचाव व राहत कार्यों केे संचालन में कोई कठिनाई न हो। जिलाधिकारी ने मुख्य पशुचिकित्साधिकारी को निर्देश दिया कि बाढ़ एवं सूखे के मद्देनजर पशुओं के चारे व उपचार आदि की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित करा लें और गर्मी में पशुओं को हरे चारे से होने वाली बीमारी का व्यापक प्रचार-प्रसार भी कराएं। कृषि, आपूर्ति एवं पुलिस विभाग को भी खाद, बीज, उर्वरक, खाद्यान्न तथा सुरक्षा व्यवस्था हेतु कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिये गये। स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया गया है कि बाढ़ एवं सूखे की स्थिति में सभी आवश्यक दवाओं के प्रबन्ध तथा पीएचसी व सीएचसी पर आवश्यक स्टाफ की तैनाती सुनिश्चित की जाय। आमजनमानस द्वारा अपनायी जाने वाली सावधानियों इत्यादि के बारे में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाये ताकि लोगों को इस बात की जानकारी रहे कि किसी विपदा की स्थिति में उन्हें क्या करना है और क्या नहीं करना है। जनपद के समस्त कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिया गया कि गर्मी के मौसम के दृष्टिगत सभी कार्यस्थलों पर श्रमिकों इत्यादि के लिए स्वच्छ पेयजल का उपयुक्त प्रबन्ध सुनिश्चित किया जाय। बैठक का संचालन एडीएम अनिरूद्ध प्रताप सिंह ने किया। इस अवसर सीएमओ डॉ. एस.के. सिंह, बाढ़ से सम्बन्धित तहसीलों के एसडीएम व पुलिस क्षेत्राधिकारी, पशुपालन, सिंचाई, स्वास्थ्य, पंचायती राज, सिंचाई व ड्रेनेज खण्ड, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण सहित अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
: डीएम ने मण्डी समित मिहींपुरवा का किया निरीक्षण
Mon, May 1, 2023
नगर पंचायत मिहींपुरवा के लिए बनाए गए स्ट्रांग रूम का लिया जायज़ा
बहराइच। नगरीय निकाय चुनाव अन्तर्गत नगर पंचायत मिहींपुरवा के लिए पोलिंग पार्टियों की रवानगी, स्ट्रांग रूम एवं मतगणना कार्य के लिए चयनित किए गए स्थल एवं कक्षों का जायज़ा लेने के उद्देश्य से जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चन्द्र ने उप जिलाधिकारी मिहींपुरवा (मोतीपुर) संजय कुमार व खण्ड विकास अधिकारी मिहींपुरवा अजीत प्रताप सिंह व अन्य अधिकारियों के साथ कृषि उत्पादन मण्डी समिति मिहींपुरवा का निरीक्षण कर मौके पर अधिकारियों को निर्देश दिया कि राज्य निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशों के अनुसार मतगणना व स्ट्रांग रूम की व्यवस्थाएं समयबद्धता के साथ सुनिश्चित कराए। डीएम ने मण्डी परिसर के निरीक्षण के दौरान मतदान कार्मिक व्यवस्था में लगे वाहनों तथा मतगणना दिवस पर वाहनों की पार्किंग के लिए माकूल बन्दोबस्त तथा पोलिंग पार्टियों की वापसी पर मतपेटिकाओं एवं अभिलेखों की प्राप्ति के लिए प्रशिक्षित कार्मिकों की नियुक्ति करने का निर्देश दिया।